दिल्ली: सोचिए, बीते 30 सालों में ऐसे कितने गैजेट्स आए होंगे जिन्होंने हमारी ज़िंदगी बदल दी? स्मार्टफोन, स्मार्टवॉच, गेमिंग कंसोल... लिस्ट लंबी है, लेकिन इनमें से कौन सा गैजेट सबसे बड़ा खिलाड़ी रहा होगा? इस सवाल का जवाब देने के लिए टेक की दुनिया की मशहूर मैगज़ीन T3 ने अपने 30 साल पूरे होने पर एक ख़ास अवॉर्ड सेरेमनी रखी और इसमें एक ऐसे दिग्गज को 'पिछले 30 सालों का सबसे बड़ा गैजेट' का ताज पहनाया है, जिसका नाम सुनते ही कई पुरानी यादें ताज़ा हो जाएंगी। जी हां, हम बात कर रहे हैं Apple के आइकॉनिक iPod की!
जिस iPod को एक वक्त में लोग अपनी जेब में लिए घूमते थे, जिसमें हज़ारों गाने भर कर सफ़र करते थे, उसे अब T3 ने 'लाइफटाइम का सबसे बड़ा प्रोडक्ट' घोषित किया है। ये कोई छोटी बात नहीं है क्योंकि इसने सिर्फ़ गाने सुनने के तरीके को ही नहीं बदला, बल्कि पूरी म्यूज़िक इंडस्ट्री का चेहरा ही बदल दिया था।
आपको याद होगा, 2001 में जब iPod लॉन्च हुआ था, तब लोग इसे देखकर हैरान रह गए थे। एक छोटी सी डिवाइस में 1000 गाने, वो भी इतनी आसानी से कहीं भी ले जाने की सहूलियत! उन दिनों ये किसी जादू से कम नहीं था।
CD प्लेयर और वॉकमैन का ज़माना धीरे-धीरे बीत रहा था और iPod ने डिजिटल म्यूज़िक की दुनिया में एक नए युग की शुरुआत की थी।
iPod ने कैसे बदल दी दुनिया?
T3 के एडिटर-इन-चीफ, मैट गैलाघर बताते हैं, "iPod महज़ एक प्रोडक्ट नहीं था, ये पूरी म्यूज़िक इंडस्ट्री के लिए एक क्रांति थी।" उनकी बात बिल्कुल सही है।
iPod ने दुनिया को iTunes से मिलवाया, जहाँ लोग पहली बार डिजिटल म्यूज़िक के लिए पैसे देने लगे। इससे पहले तक लोग या तो CD खरीदते थे या फिर म्यूज़िक डाउनलोड करते थे, जिसमें अक्सर पायरेसी का डर रहता था।
iTunes ने इसे एक लीगल और सुविधाजनक तरीका दिया।
गैलाघर आगे कहते हैं, "भले ही आगे चलकर iPhone ने iPod को एक तरह से ख़त्म कर दिया, लेकिन बिना iPod के iPhone का अस्तित्व मुश्किल था।" ज़रा सोचिए, अगर iPod नहीं होता तो क्या iPhone वैसा ही होता जैसा आज हम उसे देखते हैं? शायद नहीं।
iPod ने ही Apple को पोर्टेबल डिवाइस और डिजिटल कॉन्टेंट के बाज़ार में एक मज़बूत खिलाड़ी बनाया, जिसकी नींव पर iPhone जैसी क्रांतिकारी डिवाइस खड़ी हो पाई। iPod की सफलता ने ही Apple को ये आत्मविश्वास दिया कि वो फोन की दुनिया में भी कुछ ऐसा ही कमाल कर सकता है।
T3 मैगज़ीन खुद 1996 में शुरू हुई थी और TechRadar के पब्लिशर Future के स्वामित्व में है। इस अवॉर्ड सेरेमनी में सिर्फ iPod ही नहीं, बल्कि टेक्नोलॉजी की दुनिया के कुछ और बड़े नामों को भी ख़ास पहचान मिली है।
और किन दिग्गजों को मिला सम्मान?
इस ख़ास 30वीं सालगिरह पर T3 ने पिछले तीन दशकों के दो और बड़े चेहरों को सम्मानित किया। World Wide Web के जनक, टिम बर्नर्स-ली को 'ब्रिटिश आइकॉन' का ख़िताब दिया गया।
ये वो शख़्सियत हैं जिनकी बदौलत आज हम इंटरनेट की दुनिया में जी रहे हैं। उनकी देन के बिना तो शायद ये ख़बर भी आप तक नहीं पहुंच पाती।
इसके अलावा, Apple के निवर्तमान CEO, टिम कुक को 'पर्सन ऑफ द ईयर' चुना गया। टिम कुक ने स्टीव जॉब्स के बाद Apple की कमान संभाली और कंपनी को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया।
उनके नेतृत्व में Apple ने iPhone, Apple Watch और Airpods जैसे कई सफल प्रोडक्ट लॉन्च किए और कंपनी की वैल्यूएशन को रिकॉर्ड स्तर पर पहुँचाया। उनका योगदान भी वाकई अतुलनीय है।
सिर्फ़ iPod ही नहीं, कई और गैजेट्स ने मारी बाज़ी!
आपको बता दें कि ये अवॉर्ड सेरेमनी कुल 84 अलग-अलग कैटेगरीज़ में थी। इसमें किचन टेक्नोलॉजी से लेकर ट्रांसपोर्ट और स्मार्टफोन से लेकर स्मार्टवॉच तक, हर तरह के गैजेट्स को सराहा गया।
इसमें कई और दिलचस्प विजेता भी रहे।
- 'प्रोडक्ट ऑफ द ईयर' का प्रतिष्ठित अवॉर्ड Adidas Adizero Adios Pro Evo 3 ने जीता। ये शायद उन लोगों के लिए अच्छी ख़बर है जो फिटनेस और रनिंग के शौक़ीन हैं।
- 'ब्रांड ऑफ द ईयर' का ख़िताब Garmin के नाम रहा। Garmin अपनी स्मार्टवॉच और GPS डिवाइस के लिए जाना जाता है।
- 'रीडर्स चॉइस' अवॉर्ड Samsung Galaxy S26 Ultra को मिला। ये दिखाता है कि लोगों को Samsung के इस लेटेस्ट स्मार्टफोन ने कितना पसंद आया है।
- 'टेक इनोवेशन अवॉर्ड' Lego Smart Play ने जीता। ये सुनकर थोड़ा अचरज हो सकता है कि Lego भी इनोवेशन में आगे है, लेकिन स्मार्ट टॉयज का भविष्य काफी उज्जवल दिख रहा है।
- 'सस्टेनेबिलिटी अवॉर्ड' Suri 2.0 इलेक्ट्रिक टूथब्रश को दिया गया। ये उन कंपनियों के लिए एक अच्छा संदेश है जो पर्यावरण के प्रति अपनी ज़िम्मेदारी समझती हैं।
इनके अलावा, चार 'डिज़ाइन अवॉर्ड्स' भी दिए गए, जिनके विजेता चुनने के लिए इंडस्ट्री के एडिटर्स का एक पैनल था, जिसमें TechRadar के ग्लोबल एडिटर-इन-चीफ मार्क मैकलारेन भी शामिल थे। इन डिज़ाइन अवॉर्ड्स में Nothing Headphone (1) और Dyson PencilVac जैसे शानदार प्रोडक्ट्स ने बाज़ी मारी।
ये दिखाता है कि टेक्नोलॉजी की दुनिया में सिर्फ परफॉरमेंस ही नहीं, डिज़ाइन भी कितना मायने रखता है।
कुल मिलाकर, T3 के ये 30वें सालगिरह के अवॉर्ड्स टेक्नोलॉजी की दुनिया के लिए एक शानदार जश्न रहे, जिसमें न सिर्फ पुराने दिग्गजों को याद किया गया, बल्कि नए इनोवेशन और सस्टेनेबिलिटी पर भी ज़ोर दिया गया। और इस पूरे जश्न का किंग रहा Apple का वो नन्हा सा iPod, जिसने एक पूरी जनरेशन को अपने गानों पर थिरकने का मौका दिया था।
अब देखना ये होगा कि अगले 30 सालों में कौन सा गैजेट इतिहास रचता है!









































