देश की आर्थिक राजधानी मुंबई: बीते दिन शेयर बाजार में जो भूचाल आया था, उसने बड़े-बड़ों के पसीने छुड़ा दिए थे। निवेशकों के पोर्टफोलियो लाल-लाल दिखे, मानो किसी ने होली खेल दी हो। निफ्टी ने एक झटके में 500 अंकों का गोता लगा दिया था, जिसने कई लोगों की रातों की नींद उड़ा दी। लेकिन आज की कहानी थोड़ी अलग है, एकदम फिल्मी स्टाइल में 'पिक्चर अभी बाकी है मेरे दोस्त' वाला सीन!
गुरुवार का कारोबारी सत्र निवेशकों के लिए एक नई उम्मीद लेकर आया। बुधवार को हुई भारी बिकवाली के बाद, आज बाजार में जबरदस्त रिकवरी देखने को मिली।
चौतरफा खरीदारी ने बेंचमार्क इंडेक्स में नया जोश भर दिया, और एक समय तो ऐसा लग रहा था कि बाजार अपना बदला लेने पर तुला है।
सुबह 11.30 बजे के आसपास का आंकड़ा देखें तो सेंसेक्स करीब 514.41 अंक यानी 0.67 प्रतिशत चढ़कर 77,018.01 पर कारोबार कर रहा था। वहीं, निफ्टी भी 148.15 अंक या 0.62 प्रतिशत की बढ़त के साथ 24,030.20 पर पहुंच गया था।
मार्केट ब्रेथ में भी मजबूत रुझान दिख रहा था, मतलब साफ है कि खरीदने वाले बेचने वालों से कहीं ज्यादा थे।
आंकड़े बताते हैं कि बाजार में 2,633 शेयरों में तेजी थी, जबकि गिरावट सिर्फ 940 शेयरों में देखने को मिली। रियल्टी, कंज्यूमर ड्यूरेबल और मीडिया जैसे सेक्टर ने तो जैसे पंख ही लगा लिए हों।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयर भी बेंचमार्क इंडेक्स से बेहतर प्रदर्शन कर रहे थे, जो बताता है कि छोटे और मझोले शेयरों में भी निवेशकों का भरोसा लौटा है। और सबसे खास बात, वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया VIX में लगभग 10 प्रतिशत की गिरावट आई, जिससे बाजार में उतार-चढ़ाव कम होने का संकेत मिला।
तो आखिर बाजार की यह 'रॉकेट स्पीड' कब तक कायम रहेगी?
अब सवाल उठता है कि बाजार में आई यह रौनक कब तक टिकी रहेगी, या ये सिर्फ एक-दिन की चांदनी है? इसी पर हमने बात की कोटक सिक्योरिटीज (Kotak Securities) के श्रीकांत चौहान से। उनका कहना है कि बुधवार की भारी गिरावट के बाद, बाजार के लिए ऊपरी स्तरों पर टिकना थोड़ा मुश्किल हो सकता है।
यह बात निवेशकों के लिए थोड़ी टेंशन वाली है।
श्रीकांत चौहान ने बताया कि निफ्टी में जो कल 500 अंकों की गिरावट आई थी, अगर हम उसका रिट्रेसमेंट देखें तो यह लगभग 2410 के करीब आता है। यह लेवल बाजार में एक मजबूत 'रेजिस्टेंस' यानी प्रतिरोध का काम करेगा।
सीधे शब्दों में कहें तो, निफ्टी के लिए 2410 के ऊपर निकलना आसान नहीं होगा और अगर निकला भी तो वहां से दबाव बन सकता है।
उनका अनुमान है कि बाजार शायद थोड़ा कंसोलिडेट करते हुए नजर आएगा, यानी कुछ दिनों तक एक सीमित दायरे में ही घूम सकता है। हायर लेवल पर प्रेशर बना रहेगा, यानी ऊंचे स्तरों पर बेचने वाले हावी हो सकते हैं।
लेकिन, उन्होंने एक अच्छी बात भी कही। उनका मानना है कि बाजार में वापस 'स्टॉक स्पेसिफिक एक्शन' सक्रिय हो सकते हैं, यानी चुनिंदा शेयरों में अच्छी कमाई के मौके बन सकते हैं, भले ही ओवरऑल मार्केट थोड़ा सुस्त रहे।
कौन से सेक्टर और शेयर दिखा रहे हैं कमाई का दम?
श्रीकांत चौहान ने बाजार की इस उठापटक के बीच कुछ खास सेक्टर्स और शेयरों पर दांव लगाने की सलाह दी है। उन्होंने बताया कि आज हमें फार्मा जैसे 'डिफेंसिव' शेयरों में काफी अच्छी खरीदारी देखने को मिल रही है।
डिफेंसिव शेयर वो होते हैं, जिन पर बाजार की मंदी का असर कम होता है और ऐसे वक्त में वो निवेशकों को सुरक्षा देते हैं।
उन्होंने साफ कहा कि सभी फार्मा स्टॉक्स में एक अच्छा 'टेक्निकल ब्रेकआउट' जैसा फॉर्मेशन बना है। इसका मतलब है कि ये शेयर अपनी पिछली गिरावट से उबरकर ऊपर की तरफ जाने का संकेत दे रहे हैं।
डिवीज लैब्स जैसे भारी वोलेटाइल स्टॉक में भी एक अच्छा टेक्निकल ब्रेकआउट देखने को मिला है, जिससे फार्मा सेक्टर में आज एक मजबूत 'रिवर्सल' यानी वापसी बनी हुई है।
फार्मा के अलावा, श्रीकांत चौहान ने ईएमएस (EMS) सेक्टर में भी एक अच्छा रिवर्सल पैटर्न बनने की बात कही। इसके साथ ही, कुछ डिफेंस स्टॉक्स में भी निवेशकों की दिलचस्पी लौट रही है और बाइंग इंटरेस्ट बढ़ रहा है।
ये वो सेक्टर हैं जो मौजूदा बाजार की अस्थिरता में भी निवेशकों के लिए अच्छे रिटर्न का मौका दे सकते हैं।
तो अब किस पर लगाएं दांव, कौन से शेयर हैं 'टॉप पिक्स'?
इस पूरी बातचीत के निचोड़ में श्रीकांत चौहान ने कुछ खास शेयरों पर खरीदारी की सलाह दी। उन्होंने बताया कि इस समय 'सन फार्मा' (Sun Pharma) काफी चल चुकने के बाद भी काफी अच्छा लग रहा है।
यह शेयर निवेशकों के लिए अभी भी आकर्षक बना हुआ है।
उनकी सलाह है कि निवेशक सन फार्मा में खरीदारी कर सकते हैं और इसके लिए 2200 रुपए का टारगेट हासिल हो सकता है। यह एक भरोसेमंद नाम है और डिफेंसिव सेक्टर का हिस्सा होने के कारण मौजूदा माहौल में अच्छा प्रदर्शन कर सकता है।
इसके साथ ही, उन्होंने 'अरबिंदो फार्मा' (Aurobindo Pharma) के शेयरों को भी वर्तमान स्तरों पर काफी अच्छा बताया। यह शेयर 1590-1600 रुपए के रेंज में ट्रेड कर रहा है।
श्रीकांत चौहान के मुताबिक, इस स्टॉक में काफी बड़े 'कंसोलिडेशन' के बाद 'ब्रेकआउट' देखने को मिल रहा है। कंसोलिडेशन का मतलब है कि शेयर लंबे समय तक एक ही दायरे में फंसा हुआ था और अब उससे बाहर निकलकर ऊपर जाने की तैयारी में है।
हालांकि, खबर यहीं खत्म हो जाती है और स्टॉप लॉस या अगला टारगेट का जिक्र नहीं है, लेकिन संकेत साफ है कि अरबिंदो फार्मा में भी अच्छी चाल देखने को मिल सकती है।
कुल मिलाकर, श्रीकांत चौहान की सलाह यही है कि बाजार के ऊपरी स्तरों पर थोड़ा दबाव रहेगा, लेकिन फार्मा और डिफेंस जैसे सेक्टर में स्टॉक-स्पेसिफिक एक्शन से कमाई के शानदार मौके बन सकते हैं। तो अगर आप भी बाजार की इस चाल में शामिल होना चाहते हैं, तो इन सेक्टर्स और शेयरों पर अपनी पैनी नज़र रख सकते हैं।



































